crossorigin="anonymous"> सफलता और सुख समृद्धि - Motivation For Life

सफलता और सुख समृद्धि

मन में जिन चीजों के प्रति आकर्षण होता है उनको मनुष्य पा लेता है किंतु सच यह भी है कि वह मनुष्य उसी विषय पर सोचता हो,उसके लिए प्रयास करता हूं और उसके अंदर आत्मविश्वास भी हो|

संसार का प्रत्येक व्यक्ति सदैव यही कामना करता है कि उसे मनवांछित फल मिले| उसे उसके इच्छित वस्तु की प्राप्ति हो, जो वह सोचता है या कल्पना करता है वह उसे मिल जाए| भगवान से जब हम प्रार्थना करते हैं तो यही कहते हैं कि हमें यह दे दे| वह दे दे प्रा|र्थना और भजनों में ऐसे बहुत से कथन होते हैं जिनमें बहुत कुछ मांगा ही जाता है

यह तो ठीक है कि कई लोग या आप ईश्वर से कुछ मागते हैं, प्रार्थना करते हैं लेकिन इसके साथ ही यदि आप उस उद्देश्य की प्राप्ति के लिए प्रयत्न नहीं करते तो फिर सफलता नहीं मिल सकती

सफलता और सुख समृद्धि

यदि आप अपनी असफलताओं, गरीब या परेशानियों के विषय में सोच सोचकर ईश्व की मूर्ति के सामने रोते हैं तो उससे कुछ भी होने वाला नहीं है| क्योंकि यदि आपके मन में गरीबी के विचार भरे हैं, असफलता भरी है, आपके हृदय में परेशानियों के भाव भरे हैं और आप में यह बात जड़ जमाए है कि आप असफल है तो फिर इस हालात में सफल नहीं हो सकते|

यदि आप असफलता को आप किसी दैवी चमत्कार से दूर भगाना चाहते हैं तो कभी भी संभव नहीं है|असफलता केवल परिश्रम से ही भाग सकती हैं |

सफलता और सुख समृद्धि

आपके पास जो कुछ है वह क्यों है वह इसीलिए तो है कि आपके मन में उनके प्रति आकर्षण है| आप उन सब चीजों को चाहते हैं जो कदाचित आपके पास आज है|

मन में जिन चीजों के प्रति आकर्षण होता है उन्हें मनुष्य पा लेता है किंतु शर्त यह भी है कि वह मनुष्य उसी विषय पर सोचता हूं, उसके लिए प्रयास करता हूं और उसके पास आत्मविश्वास भी हो जो वह पाना चाहता है| उसके प्रति आकर्षण के साथ-साथ उसके बारे में गंभीरता से सोचना भी बहुत जरुरी हैं|

यदि आप आशा, सफलता और सुख समृद्धि चाहेंगे और उन्हीं के विषय में सोचेंगे और पाने के प्रयास करेंगे तो आप उनको पा लेंगे|

सफलता और सुख समृद्धि

Leave a Comment