आलोचना को अपनी ताकत कैसे बनाएं How to make criticism your strength in hindi

आपने देखा ही होगा कुछ लोग एक दूसरे की आलोचना ही कर रहे होते हैं और वे लोग हमारी भी आलोचना ही करते हैं|वे हमारे बारे में बुरा भला कहते हैं और हमारे कार्य की आलोचना करते हैं पर हमें समझ में नहीं आता कि हम उनकी इस आलोचना का जवाब कैसे दें ताकि वह हमारे बारे में बुरा भला भला बोलना बंद कर दें|

तो आज हम आपको बताएँगे की आलोचना को अपनी ताकत कैसे बनाएं तथा कुछ ऐसे तरीके बताएंगे

आइये जानते हैं आलोचना को अपनी ताकत कैसे बनाएं How to make criticism your strength in hindi

आलोचना से कभी भी डरे नहीं

अक्सर लोग एक दूसरे की आलोचना इसीलिए करते हैं ताकि वे उन आलोचनाओं को अपने दिल पर ले कर काम करना बंद कर दे और खुद को कमजोर समझना शुरू कर दें और अपने जीवन में कुछ अच्छा ना कर पाए |

अगर आपकी भी लोग आलोचना करते हैं तो इसका मतलब यही है कि वह चाहते हैं कि आप अपने जीवन में कुछ बड़ा ना कर पाओ| इसीलिय वे आपको कमजोर बताने पर तुले हुए हैं|

अगर आपके साथ भी ऐसा हो रहा है तो उनकी आलोचनाओं पर ध्यान ना दें बल्कि लगाकर अपने कार्य को करते रहे और उस को आगे बढ़ाते रहें| ऐसे लोगों के साथ बात करने का कोई फायदा नहीं है और ना ही उनको कोई जवाब देने का |

इसीलिए उन पर बिना ध्यान दिए अपने कार्य को करते रहे|

इग्नोर करें

अगर आप अपने कार्य में बहुत ज्यादा अच्छे हैं तो इसकी बहुत ज्यादा संभावना है कि लोग आपकी आलोचनाएं करेंगे और आपके अंदर कमियां निकालेंगे| अगर आपके साथ भी ऐसा हो रहा है तो ऐसे लोगों को इग्नोर करें क्योंकि अगर आपने ऐसे लोगों पर ध्यान देना शुरू कर दिया तो आप अपने कार्य को कभी भी इतनी अच्छी तरीके से नहीं कर पाओगे जितने अच्छे तरीके से आप पहले कर रहे थे और आप कभी भी अपने जीवन में आगे नहीं बढ़ पाओगे|

इसीलिए ऐसे लोगों को इग्नोर करें और अपने कार्य को लगातार बढ़ाते रहें|

आलोचना से प्रेरित होना सीखें

जब भी कोई भी हमारी आलोचना करते हैं तो हम गुस्से से भर जाते हैं और उनको जवाब देने की ठान लेते हैं और हम भी मुंह से बुरा भला बोलना शुरू कर देते हैं बल्कि हमें कभी भी ऐसा नहीं करना है| लोग हमारी आलोचना इसीलिए कर रहे हैं क्योंकि हम उनसे बेहतर है| हम उनसे अच्छा कार्य कर सकते हैं| इसीलिए वह हमारे बारे में बुरा भला कह रहे हैं|

अगर आपकी भी लोग आलोचना करते हैं तो इसका मतलब यह है कि आप बहुत ही प्रतिभाशाली है और अपने जीवन में कुछ बड़ा कर सकते हैं| इसीलिए आपको आलोचनाओं से प्रेरित होना है और लगातार कार्य को करते रहना है बल्कि और भी ज्यादा कार्य करना है| ताकि हम बहुत जल्दी उनसे बहुत ज्यादा दूर निकल सके|

सकारात्मक नजरिया विकसित करें

जब भी किसी व्यक्ति की आलोचना की जाती है तो उसका जवाब देने के लिए तत्पर हो जाते हैं और जब भी वह व्यक्ति मिलता है जिसने उसकी आलोचना की है तो वह भी बदले में उसकी आलोचना करने शुरू कर देते हैं और उसके मुंह पर ही गालियां देने लगते हैं| बल्कि देखा जाए तो यह बिल्कुल ही गलत नजरिया है इससे हमारे personality  पूरी तरह से खराब हो जाती है और हम अपने लक्ष्य से भी भटक जाते हैं|

इसीलिए जरूरी है कि हम अपना नजरिया सकारात्मक विकसित करें | जब भी आपकी कोई भी आलोचना करे तो उसको इग्नोर करें और जाने दे| हमें उनको जवाब देना जरुरी नहीं है क्योंकि जवाब हम अपने मुंह से नहीं बल्कि हम अपने कार्यों से देंगे और वह उनको मिल भी रहा होगा| इसीलिए भी हमारी आलोचना करके हमको कमजोर बताना चाहते हैं| इसीलिए ऐसे लोगों पर ध्यान ना दें और उनसे दूर रहने की पूरी कोशिश करें|

शांति से काम लो फल जरुर मिलेगा

ज्यादातर लोग ऐसे समय में अपना आपा खो देते हैं और अपने लक्ष्य से भटक जाते हैं बल्कि सफल वही व्यक्ति होता है जो अपनी आलोचनाओं को सहन करने के बाद भी शांति से काम लेकर लगातार काम करता रहता है और प्रयास करता रहता है |

इसीलिए जब भी आपकी कोई भी आलोचना करे तो उसको शांति से सोचे और लगातार काम करते रहे क्योंकि अगर आपने उसमें अपना आपा खो दिया तो आप अपने लक्ष्यों से भी भटक जाओगे और फिर आप कभी भी अपने सपनों को पूरा नहीं कर पाओगे|

हमें कुछ करके दिखाना होगा

अगर लोग भी हमारी आलोचना ही कर रहे हैं तो जरूरी है कि हम कुछ ऐसा करके दिखाएं ताकि उन सभी लोगों को हमारा जवाब मिल जाए| इसीलिए आज से ही पक्की ठान ले कि जो लोग भी आपकी आलोचना कर रहे हैं आप उनको कुछ बड़े कार्य करके दिखाएंगे ताकि वे अपना मुंह बंद रख ले और हमारे बारे में बुरा भला ना कहे |

क्योंकि ऐसे लोग आपके बारे में बुरा भला इसीलिए कहते हैं ताकि आप कुछ बड़ा ना कर पाओ और अगर हम कुछ बड़ा कर देंगे तो भी अपने आप ही बोलना बंद भी कर देंगे|

इसीलिए इन सभी बातों को ध्यान रखें और अपनी आलोचना करने वालों से कभी भी डरे नहीं और लगातार काम करते रहे|

याद कर ले

  • यह लोग इसीलिए आपकी आलोचना कर रहे हैं क्योंकि आप प्रतिभाशाली हैं और आप अपने जीवन में कुछ बड़ा कर सकते हो|
  • यह लोग आप को कमजोर बताने पर तुले हुए हैं क्योंकि आप शक्तिशाली है|
  • वे चाहते हैं कि आप उनकी आलोचनाओं को सुनकर काम करना बंद कर दे पर हमें कभी भी ऐसा नहीं करना है|
  • जब भी आपकी कोई आलोचना करे तो खुद को प्रेरित कर ले और आलोचनाओं का जवाब देने का संकल्प कर लें और पूरी जी जान लगाकर मेहनत करें|
  • आलोचनाओं का जवाब कभी भी मुह देने की कोशिश ना करें| जब भी आपकी कोई आलोचना करे तो पक्की ठान ले कि “मैं कुछ बड़े महान कार्य करूंगा ताकि उनको उनका जवाब मिल जाए” |
  • आलोचनाओं को सहन करना बहुत मुश्किल है और ऐसा बहुत कम लोग ही कर पाते हैं| इसीलिए हमें अपनी आलोचनाओं को सहन करना होगा और खुद के अंदर सुधार करके खुद को और ज्यादा बेहतर बनाना होगा ताकि हम उनको अच्छी तरह से जवाब दे सके|
  • हमें नया सकारात्मक नजरिया विकसित करके अपने कार्य में और ज्यादा बेहतर बनना होगा तथा अपनी कार्यक्षमता को भी कई गुना बढ़ाना होगा|
  • हमें आलोचना करने वाले लोगों को इग्नोर करना होगा तथा उनसे दूरी बनानी होगी ताकि वह हमारा मनोबल गिरा ना सके|

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